मदीना मुनव्वरा की ज़ियारत करने के आदाब (Madina Munawwara ki Ziyarat karne ke Adab)

अल रहमान उमराह टूर्स (Al Rahman Umrah Tours), कानपुर (Kanpur), उमराह पैकेज (Umrah Packages)

A graphic promoting Al Rahman Umrah Tours featuring the Al-Masjid an-Nabawi in Madina, with the Hindi text "Madina Munawara ki Ziyarat karne ke Aadab" (Etiquettes of visiting Madina Munawara).

सब से पहले नियत करना

सफर शुरू करने से पहले, पहला कदम मुबारक शहर मदीना अल मुनव्वरा के सफर का इरादा करना है, आप के सफर की नियत हज़रत मुहम्मद ﷺ के रावदा मुबारक की होनी चाहिए, आप को मस्जिद ए नबवी में नमाज़ पढ़ने और अल्लाह का कुर्ब हासिल करने की नियत भी करनी चाहिए, इस नेक अमल के ज़रिये

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दुरूद ओ सलाम पढ़ना

मदीना मुनव्वरा के सफ़र में कसरत से हज़रत मुहम्मद (ﷺ) पर दुरूद और सलाम भेजने की तलकीन की जाती है. आप को ये भी नसीहत की जाती है की अल्लाह तआला से दुआ करें की वो इस दौरे से आप को फायदा पहुंचाए और आपकी तरफ से इसे क़बूल फरमाए.

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मदीना मुनव्वरा में दाखिल होना

जब आप मदीना मुनव्वरा दाखिल हो तो ये दुआ पढ़ें:

اللَّهُمَّ هَذَا حَرَمُ رَسُولِكَ فَاجْعَلْلهُ لِي وِقَايَةً مِنَ النَّارِ، وَأَمَانًا مِنَ الْعَذَابِ، وَسُوءِ الْحِسَابِ.

हाज़िर होने के आदाब

जब आप मदीना में अपनी रिहाईशगाह पर पहुंच जाए तो गुस्ल कर के या वुज़ू कर के पाक हो जाए. साफ़- सुथरे कपड़े पहने, खुशबु लगाए और मुसलसल दुरूद पाक पढ़ते हुए मस्जिद ऐ नबवी की तरफ बढ़े.

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मस्जि़द ऐ नबवी की ज़ियारत

मस्जिद ऐ नबवी में तशरीफ़ लाते वक़्त, आप को मशोहरा दिया जाता है की बाब ऐ जिब्रील से मस्जिद में दाखिल हो. अगर ये मुमकिन ना हो तो बाब अस सलाम से दाखिल हो. अगर दोनों में से कोई भी रास्ता दस्तयाब ना हो तो आप करीबी दरवाज़े से दाखिल हो सकते हैं. जब मस्जिद में दाखिल हो तो अपने दाहिने पाओ से दाखिल हों.

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हज़रत मुहम्मद ﷺ पर सलाम पेश करना

बांये जानिब की जाली के सामने खड़े हो कर धीमी और अदबी आवाज़ में ये अल्फ़ाज़ पढ़ कर प्यारे नबी हज़रत मुहम्मद (ﷺ) को सलाम करें:

السلام عليك يا رسول الله

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